पोखरी (चमोली)। रैंसू शिवालय में सौ से अधिक तांबे के लोटे चोरी हो गए। इससे ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। खदेड़ पट्टी के एक दर्जन से अधिक गांवों की आस्था के प्रमुख केंद्र सिद्धपीठ रैसू शिवालय से अज्ञात चोरों द्वारा 100 से अधिक तांबे के लोटे और छोटी तांबे की गागरें चोरी कर ली गईं। चंद्रशिला-कांडई के नीचे निगोमती नदी से लगभग 100 मीटर ऊपर स्थित रैसू शिवालय, हापला-गोपेश्वर मोटर मार्ग से रैसू गांव के पास स्थित है। यह स्थल औगड़ महादेव के नाम से प्रसिद्ध रैसू महादेव का सिद्धपीठ माना जाता है। यहां भगवान शिव का प्राकृतिक शिवलिंग स्थापित है। श्रावण व माघ मास में बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचकर बेल पत्र चढ़ाकर और जलाभिषेक कर मनौतियां मांगते हैं। श्रद्धालुओं द्वारा अर्पित किए गए तांबे के लोटे व गागरें ही चोरों का निशाना बन गईं। चोरों ने पवित्र स्थल से सभी तांबे के पात्र चुरा लिए।
कांडई-चंद्रशिला के प्रधान भगत सिंह भंडारी, पूर्व प्रधान नवीन राणा, रडुवा के पूर्व प्रधान गजेंद्र नेगी, भरत सिंह नेगी समेत तमाम लोगों ने पुलिस से चोरी का खुलासा करने की मांग की है। प्रभारी थानाध्यक्ष रुकम सिंह नेगी पुलिस टीम के साथ सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का मुआयना किया। उन्होंने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और शीघ्र ही चोरों का पता लगाया जाएगा।
