गोपेश्वर (चमोली)। माक्र्सवादी कम्यूनिष्ट पार्टी के कार्यकर्ताओं ने गुरूवार को पूरे देश के साथ-साथ प्रदेश की खास्ताहाल स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर कोरोना की गाइड लाइन का पालन करते हुए अपने-अपने घरों में धरना देते हुए सरकार से छह सत्रीय मांगों के समाधान की मांग की है।
सीपीएम के जिला मंत्री भूपाल सिंह रावत ने आरोप लगाते हुए कहा कि प्रदेश की खस्ताहाल स्वास्थ्य व्यवस्थाओं के चलते लोगों को काफी मुसीबत का सामना करना पड़ रहा है। स्वास्थ सुविधाओं के गांव तक विस्तार के सवाल पर पंाच मई को सीपीएम ने राज्य स्तर का अपने-अपने घरों से धरना विरोध प्रदर्शन किया गया था। लेकिन सात दिन बाद भी जब सरकार नहीं मानी पुनः गुरूवार को पूरे प्रदेश में प्रदेश व्यापी धरने का आयोजन किया गया। जिसमें नारा दिया गया है कि हर एक बीमार-सरकार जिम्मेवार, हर एक बेरोजगार-सरकार जिम्मेवार। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी केंद्र व प्रदेश सरकार से छह सूत्रीय मांग है जिनमें आयकर न देने वाले प्रत्येक परिवार को साढे सात हजार रूपया प्रतिमाह दिया जाए, मजदूरों व अतिथि कामगारों को खाद्य सुरक्षा दी जाए, राज्य की स्वास्थ्य सुविधा को मजबूत करते हुए प्रत्येक ब्लाॅक स्तर पर अस्पतालों का निर्माण किया जााए, प्रत्येक अस्पतालों में चिकित्सक व नर्सिंग स्टाफ की भर्ती शीघ्र की जाए, दवाओं की कालाबाजारी पर रोक लगायी जाए तथा सरकारी तथा निजी क्षेत्र के अस्पतालों में कोरोना मरीजों को इलाज निशुल्क किया जाए। चमोली जिले में धरना देने वालों में जोशीमठ में मनमोहन रौतेला, देवेंद्र खनेड़ा, कल्पेश्वर, भरत रावत गोपेश्वर में पार्टी जिला मंत्री भूपाल सिंह रावत, सीटू जिला अध्यक्ष मदन मिश्रा, डीवाईफाई जिला संयुक्त सचिव गजेंद्र बिष्ट, शैलेंद्र रावत, घाट में किसान सभा के जिला उपाध्यक्ष मोहन सिंह रावत, नरेंद्र रावत, कुंवर राम, हिम्मत सिंह, डीवाईएफआई के जिला अध्यक्ष कमलेश गौड़, जिला मंत्री राजेंद्र नेगी, कुशल बिष्ट, गीता बिष्ट, लता मिश्रा, पुष्पा किमोठी, ममता गौड आदि शामिल थे।
एसएफआई ने चलाया आॅन लाइन कैंपेन
एसएफआई के छात्रों ने स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर गुरूवार को आॅन लाइन कैंपेन चला कर सरकार से मांग की है कि स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए कारगर कदम उठाये जाएं। एसएफआई के सदस्यों ने पोस्टर के माध्यम से मांग की है कि सभी का अनिवार्य रूप से टीकाकरण किया जाए, वैक्सीन से पेंटेंट को वापस लिया जाए, आक्सीजन व दवाओं की कालाबाजारी के मामले में सरकार तुरंत हस्तक्षेप करे, आक्सीजन संयंत्र व श्मशान घाटों पर कार्य करने वाले श्रमिकों को उचित संरक्षण दिया जाए। इस मौके पर धीरज, अमन, ज्योति, मनीष, अमित, रोशनी आदि मौजूद थे।

