घाट (चमोली)। चमोली जिले के घाट-नंदप्रयाग सड़क के डेढ लेन चैड़ीकरण की मुख्यमंत्री की घोषणा के बाद भी सड़क की डिफेक्ट कटिंग के टैंडर रद्द न किये जाने को लेकर घाट के ग्रामीणों में आक्रोश बना हुआ है। ऐसे में यहां बीते 128 दिनों से चल रहा आंदोलन जारी है। ग्रामीणों को कहना है कि जब सरकार की मंशा सड़क को डेढ लेन चैडीकरण करने की है तो ऐसे में डिफेक्ट कटिंग के नाम पर करोड़ों रुपये की धनराशि का अपव्यय गलत है।
रविवार को आंदोलन के 128वें दिन घाट बाजार में चल रहे आंदोलन को समर्थन देने के लिये बड़ी संख्या में ग्रामीण आंदोलन स्थल पर पहुंचे। आंदोलन कर रहे चरण सिंह और सुखवीर रौतेला का कहना है कि जहां एक ओर मुख्यमंत्री की ओर से घाट-नंदप्रयाग सड़ को डेढ लेन चैड़ीकरण की घोषणा कर दी है। वहीं दूसरी ओर लोनिवि की ओर डिफेक्ट कटिंग को लेकर शुरु की गई टैंडर प्रक्रिया को वर्तमान तक रद्द नहीं किया गया है। साथ मुख्यमंत्री की घोषणा के बाद वर्तमान तक शासनादेश भी जारी नहीं किया जा सका है। ऐसे में ग्रामीणों की ओर डेढ लेन सड़क निर्माण का शासनादेश जारी करने और डिफेक्ट कटिंग की प्रक्रिया रद्द करने की मांग की जा रही है। जिससे सरकारी धन के दुरुपयोग को रोका जा सके। उन्होंने मांगों पर कार्रवाई किये जाने तक आंदोलन जारी रखने की बात कही है। इस मौके पर अब्बल सिंह, दिलबर सिंह कठैत, हिम्मत सिंह नेगी, अनसूया सिंह, त्रिलोक सिंह, निर्मल पाल, गिरीश भीम सिंह सहित अन्य लोग भी मौजूद थे।
