पोखरी (चमोली)। पोखरी का सीएचसी डॉक्टरों की कमी के चलते रेफर सेंटर बन कर रह गया है। दरअसल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पोखरी में 10 डाक्टरों के के विरूद्ध 4 ही डाक्टर तैनात है। मौजूदा समय में प्रभारी अधीक्षक डा. प्रियम गुप्ता समेत 2 डाक्टर प्रशिक्षण हैं और 1 डाक्टर छुट्टी पर हैं। इसके चलते पूरा अस्पताल एक डाक्टर के भरोसे चल रहा है। हालत इस कदर खराब है कि सोमवार को इमरजेंसी समेत ओपीडी ड्यूटी भी महिला चिकित्सक डा. मोहनी संभालती रही। दोहपर एक बजे इमरजेंसी केस आने पर ओपीडी छोड़कर इमरजेंसी वार्ड में जाना पड़ा। इस कारण मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ा।
बताया जा रहा है कि मोहनखाल के भौरोंधार में पोखरी-रूद्रप्रयाग सड़क पर काम कर रहे मजदूर धन बहादुर दीवार से नीचे गिर गया। इस कारण उसके आंख, कान समेत शरीर के कई हिस्सों में चोट आ गई। घायल मजदूर धन बहादुर को चिकित्सालय लाया गया। डा. मोहनी ने घायल को टांके और प्राथमिक उपचार देने के बाद श्रीनगर के लिए रेफर कर दिया। इस तरह के हालात स्वास्थ्य व्यवस्था के पुख्ता दावों को चिढ़ा रहें है। हालात यही रही तो लोगों को आगे भी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
