posted on : May 24, 2021 6:01 pm

गोपेश्वर (चमोली)। संविदा एवं बेरोजगार स्टाफ नर्सेज महासंघ ने सरकार से नर्सिंग भर्ती प्रक्रिया में वर्षवार और अनुभव के आधार पर चयन करने की मांग उठाई है। सोमवार को महासंघ के चमोली के सदस्यों ने गोपेश्वर में राज्य के उच्च शिक्षा व चमोली के प्रभारी मंत्री डा. धन सिंह रावत से भेंट कर पत्र भी सौंपा है। महासंघ ने मांग पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई न होने पर एक जून से सामुहिक परीक्षा अवकाश पर जाने की बात कही है।

संगठन के अध्यक्ष हरिकृष्ण बिजल्वांण और सचिव गोविंद सिंह का कहना है कि सरकार की ओर से नर्सिंग 2621 नर्सिंग पदों के चयन के लिये जून में परीक्षा प्रस्तावित की गई है। लेकिन संगठन के संविदा में तैनात कर्मचारी इन दिनों कोविड ड्यूटी में तैनात हैं। ऐसे में परीक्षा में शामिल होने पर जहां कोरोना के फैलने का खतरा बना हुआ है। वहीं ड्यूटी के दौरान संक्रमित हुए अभ्यर्थियों के परीक्षा में शामिल न हो पाने की स्थिति बनी हुई है। वहीं पूर्व में नर्सिंग के लिये जहां 70 फीसदी डिप्लोमा और 30 फीसदी डिग्री धारकों और परीक्षा की व्यवस्था नहीं थी। इसे भी खत्म कर दिया गया है। जो 15-15 वर्षों से दुर्गम में संविदाकर्मियों के रुप में सेवा दे रहे युवाओं की अनदेखी प्रतीत हो रहा है। संगठन ने सरकार के निर्णय के विरोध में 25 मई से काला फिता बांधकर विरोध करने की चेतावनी भी दी है। प्रभारी मंत्री को सौंपे गये पत्र में गौतम हिन्दवाल, विनीत रावत, सोनम सजवाण, मनोरमा रावत, इन्दु बिष्ट, लीला वैष्णव, वन्दना नौटियाल, विनीता रावत, मीनाक्षी, मयूर परिहार, प्रीति रावत और सपना के हस्ताक्षर हैं।

हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!