गोपेश्वर (चमोली)। जिला पंचायत चमोली की ओर से मंगलवार को बैठक आयोजित की गई थी, लेकिन बैठक में जिला स्तरीय अधिकारियों के न पहुंचने पर जिला पंचायत सदस्यों ने बैठक का बहिष्कार कर सदन से बाहर चले गये। साथ ही सदस्यों की ओर से जिला पंचायत गठन के दो वर्ष का समय होने के बाद भी डीपीसी का गठन न किये जाने पर भी नाराजगी व्यक्त की है।
बता दें, कि चमोली जिला पंचायत की ओर से मंगलवार को जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को लेकर अधिकारियों और जिला पंचायत सदस्यों की बैठक आहूत की गई थी। जिसमें नियमानुसार जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी सहित जिले के सभी विभागाध्यक्षों के साथ विकास योजनाओं को लेकर चर्चा की जानी थी। लेकिन मंगलवार को आयोजित बैठक में जिलाधिकारी और मुख्य विकास अधिकारी की गैर मौजूदगी को देखते हुए सदन के शुरु होते ही सदस्यों ने नाराजगी जाहिर कर बैठक का बहिष्कार कर दिया। जिला पंचायत सदस्य पिलंग विक्रम बत्र्वाल का कहना है कि जिला पंचायत जिले का सर्वोच्च सदन है, लेकिन सदन में अधिकारियों की गैर मौजूदगी जिले के विकास को लेकर अधिकारियों की गंभीरता को प्रदर्शित करता है, वहीं जिला पंचायत सदस्य थिरपाक लक्ष्मण सिंह बिष्ट और देवी जोशी ने कहा कि जहां एक ओर से सरकार और प्रशासन की ओर से जिला पंचायत के गठन के दो वर्ष बाद भी डीपीसी का गठन नहीं किया गया है। वहीं बैठकों से जिला स्तरीय अधिकारियों की अनुपस्थिति सदन के अनदेखी को स्पष्ट कर रहा है। जिसके चलते मंगलवार को आयोजित जिला पंचायत की बैठक का बहिष्कार किया गया है। सदस्यों ने डीपीसी के गठन होने तक बैठक का बहिष्कार करने की बात कही है। इस संबंध में जिला पंचायत सदस्यों ने बैठक के बहिष्कार के बाद डीपीसी गठन को लेकर जिलाधिकारी के माध्यम से सीएम को एक ज्ञापन भी भेजा। ज्ञापन देने वालों में अवतार पुंडीर, देवी जोशी, लक्ष्मण बिष्ट, अनिल अग्रवाल, सूरज सैलानी, भागीरथी रावत, आशा धपोला, बबीता त्रिकोटी, देवराज रावत शामिल रहे।
जिला पंचायत की बैठक में जिला स्तरीय अधिकारियों का अनुपस्थित रहना खेदजनक है। आगामी बैठक में अधिकारियों के अनुपस्थित रहने पर शासन को पत्र भेजा जाएगा।
रजनी भंडारी, अध्यक्ष, जिला पंचायत, चमोली।
जिला पंचायत के नियमानुसार मंगलवार को बैठक आहूत की गई थी। लेकिन जिला पंचायत सदस्यों की ओर डीपीसी का गठन न किये जाने को लेकर विरोध के बाद बैठक का बहिष्कार कर दिया गया। जिसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दी जा रही है, वहीं माह नवम्बर में पुनः बैठक आयोजित करवाई जाएगी।
अरुण चंद्र बड़थ्वाल, अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत, चमोली।
