गोपेश्वर (चमोली)। चमोली जिले के दशोली ब्लॉक के खैनुरी गांव में भालू ने गौशाला की छत तोड़कर दो मवेशियों को मार दिया है। जिससे करीब एक माह बाद फिर भालू के हमले से ग्रामीण दहशत में हैं। ग्रामीणों ने वन विभाग से बार-बार आबादी क्षेत्र में आ रहे भालू की समस्या से स्थाई रुप से निजात दिलाने की मांग उठाई है।
शुक्रवार देर रात भालू ने खैनुरी गांव के समीप गडोला तोक में वीरेंद्र लाल पुत्र इतवार लाल के दो मवेशियों को निवाला बनाया है। ग्राम प्रधान रेखा देवी का कहना है कि शुक्रवार को जब वीरेंद्र लाल अपनी गौसाला में हर रोज की तरह उन्होंने घास देने के बाद गोशाला के अंदर बांधी हुई थी। शनिवार सुबह जैसे ही वह अपनी गाय को गोशाला के अंदर से बाहर निकालने के लिए गए तो उनके होश उड गए। गोशाला का छत क्षतिग्रस्त पड़ी हुई थी। जबकि दो बैल मरे हुए थे।
ग्राम प्रधान रेखा देवी का कहना है कि इससे पहले भी ग्रामीण सजंय सिंह, विनोद सिंह, भोपाल सिंह, वीरेंद्र लाल, बच्ची लाल के मवेशियों को निवाला बनाया था। इस मौके पर ग्रामीण बाग सिंह, अनशुंल, सुभाष सिंह, धूम सिंह, विनीता देवी, वीरेंद्र सिंह का कहना है कि इस से पहले भालू ने जिन मवेशियों को निवाला बनाया था। लेकिन वन विभाग की ओर से अभी तक ग्रामीणों को मुआवजे का भुगतान नहीं किया गया है।
खैनूरी में हुई घटना की जानकारी मिलते ही विभागीय कर्मचारियों को मौके के लिये रवाना कर दिया गया है। वहीं भालू को खदेड़ने के लिये आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिये गये हैं। वही ग्रामीणों की क्षति के मुआवजे के भुगतान की प्रक्रिया गतिमान है, जल्द ही ग्रामीणों को क्षति का मुआवजा भुगान कर दिया जाएगा।
आशुतोष सिंह, डीएफओ, बदरीनाथ वन प्रभाग, चमोली।
