शेयर करें !
posted on : May 7, 2021 9:38 pm

गोपेश्वर (चमोली)। चमोली जिले के निजमूला घाटी के गांवों में ग्रामीण बुखार से पीडि़त हैं। गांवों से चिकित्सालय की दूरी अधिक होने और कोविड की पाबंदियों के चलते ग्रामीण अस्तपाल नहीं पहुंच पा रहे हैं। स्थानीय जन प्रतिनिधियों ने जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से ग्रामीणों की जांच की व्यवस्था करने की मांग उठाई है।

चमोली जिले की निजमूला घाटी के ईराणा, पाणा, गाड़ी, सैंजी, ब्यारा, गौंणा गांवों में इन दिनों ग्रामीण बड़ी संख्या में बुखार से पीडि़त हैं। लेकिन गांवों से चिकित्सालय की दूरी अधिक होने, वाहनों को संचालन बंद होने और कोरोना की पाबंदियों के चलते ग्रामीण स्वास्थ्य की जांच नहीं करवा पा रहे हैं। ग्राम प्रधान ईराणी मोहन सिंह नेगी और रणजीत सिंह ने बताया कि घाटी के सभी गांवों में इन दिनों ग्रामीण बुखार से पीडि़त हैं। कई बार एएनएम से दवाई वितरण के लिये कहा गया। लेकिन उन्होंने नियमानुसार दवाई न दे पाने की बाध्यता का हवाला देते हुए ग्रामीणों को चिकित्सालय जाने की सलाह दी है। जबकि ग्रामीण नगरीय क्षेत्रों में बढते कोरोना के मामलों को लेकर व्याप्त भय और वाहनों की समस्या को लेकर चिकत्सालय जाने से कतरा रहे हैं। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से गांवों में टीम भेजकर ग्रामीणों की जांच और उपचार करने की मांग की गई है।

 

निजमूला घाटी के ग्रामीणों की ओर से मिली जानकारी के आधार पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश दिये गये हैं। ग्रामीणों के उपचार की जल्द ही व्यवस्था कर ली जाएगी।
स्वाती एस भदौरिया, जिलाधिकारी, चमोली।

हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें
शेयर करें !

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!