गोपेश्वर (चमोली)। चमोली जिलाधिकारी की ओर से हल्दापानी भूस्खलन प्रभावित महिला को डांटने व होमगार्ड को निलंबन करने के विरोध में आम आदमी पार्टी ने नाराजगी जताते हुए इसकी निंदा की। इन घटनाओं को लेकर डीएम के विरोध में आंदोलन करने का मन बनाया है।
आम आदमी पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष विनोद कपरूवाण ने कहा कि प्रदेश में अफसरशाही जोरों पर है, सरकार इन पर लगाम लगाने में नाकामयाब हो रही है। इसका ताजा उदाहरण चमोली जिले के हल्दापानी भूस्खलन से प्रभावित महिला जो डीएम के पास समाधान की मांग को लेकर पहुंची है और डीएम उन्हें अपनी बात रखने का मौका न देकर उन्हें डांटते हुए चुप करा रही है जिसका सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जो एक शर्मसार करने वाली घटना है। उन्होंने कहा कि जनता अपने समस्या को लेकर किसके पास जायेगी। यदि अधिकारियों का ऐसा रवैया रहा तो जनता के साथ आम आदमी पार्टी खड़ी है और ऐसे अधिकारियों का विरोध ही नहीं बल्कि जब तक इनको जनपद से हटाया नहीं जाता तब तक आंदोलन चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि डीएम को अपनी गलती के लिए महिला से माफी मांगनी चाहिए और अपने व्यवहार में सुधार लाना चाहिए। अधिकारी जनता को डांटने के लिए नहीं बल्कि समस्या समाधान के लिए तैनात किये जाते है। अधिकारियों को समझना होगा कि वे जनता के मालिक नहीं बल्कि उनकी सेवा के लिए तैनात किये गये है। और जनता के टैक्स के पैंसों से ही इनको वेतन मिलता है। इसलिए जनता की हर समस्या के समाधान के लिए उन्हें तैयार रहना चाहिए। उनका यह भी कहना था कि एक गरीब होमगार्ड के जवान जिसने कोरोना के दौरान बच्चों को पार्क में आने से रोकने पर उसे तीन साल के लिए काम पर न लेने देने के आदेश दिया जाना भी हास्यास्पद है।
उन्होंने कहा कि जिले में तमाम अधिकारी ऐसे है जो जनता के काम नहीं कर रहे है जिससे जनता को भारी परेशानी हो रही है। डीएम ने आज तक ऐसे अधिकारियों पर कोई कार्रवाई नहीं की और एक होमगार्ड के जवान जिसने आदेशों का पालन करते हुए कोरोना गाइड लाइन का पालन करवाया उसे निलंबित कर दिया। यह एक सोचनिय विषयक है। उन्होंने कहा कि डीएम के इस व्यवहार को माफ नहीं किया जाएगा और आम आदमी पार्टी इसके विरोध में पूरे जिले में आंदोलन चलायेगी।
