शेयर करें !
posted on : June 22, 2026 4:04 pm
Independence Day 2026 Greetings

हरिद्वार। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को हरि सेवा आश्रम में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ एवं विशाल संत सम्मेलन में प्रतिभाग कर संत-महात्माओं का अभिनंदन किया। इस दौरान उन्होंने आश्रम द्वारा किए जा रहे सेवा, संस्कार और समाज जागरण के कार्यों की सराहना करते हुए संत समाज को भारतीय संस्कृति और राष्ट्र चेतना का प्रमुख संवाहक बताया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि मानवता को आध्यात्मिक चेतना, नैतिक मूल्यों और जीवन के वास्तविक उद्देश्य से जोड़ने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने कहा कि इतिहास में संतों और मनीषियों ने समाज को दिशा देने के साथ राष्ट्र निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश सांस्कृतिक पुनर्जागरण के नए दौर का साक्षी बन रहा है। अयोध्या में श्रीराम मंदिर, काशी विश्वनाथ धाम, महाकाल लोक और केदारनाथ धाम के पुनर्विकास जैसे कार्य भारत की आध्यात्मिक विरासत को नई पहचान दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड को विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के रूप में स्थापित करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।

उन्होंने कहा कि राज्य की सांस्कृतिक अस्मिता और सनातन मूल्यों की रक्षा के लिए सरकार ने धर्मांतरण विरोधी कानून, समान नागरिक संहिता और भू-कानून जैसे महत्वपूर्ण निर्णय लागू किए हैं। साथ ही सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराने और कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने बताया कि युवाओं को भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं से जोड़ने के लिए दून विश्वविद्यालय में सेंटर फॉर हिंदू स्टडीज की स्थापना की गई है, जबकि हरिद्वार में प्राच्य शोध संस्थान स्थापित किया जा रहा है।

इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, विधानसभा अध्यक्ष रितु खंडूरी भूषण, कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, प्रदीप बत्रा सहित अनेक संत-महात्मा और गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

हमारे व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें
शेयर करें !

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!