कर्णप्रयाग/जोशीमठ (चमोली)। हिमालय दिवस पर गुरूवार को जिले के विभिन्न विद्यालयों और स्कूलों में हिमालय संरक्षण की शपथ ली गई।
चमोली जिले के डॉ. शिवानंद नोटियाल राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय कर्णप्रयाग, चमोली मे हिमालय दिवस के अवसर पर हिमालय के संरक्षण की शपथ महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. जगदीश प्रसाद ने दिलाई। जिसमे महाविद्यालय के प्राध्यापक, छात्र-छात्राओ ने प्रतिभाग किया। भूगोल विभाग की ओर से आनलाइन व्याख्यान आयोजित किया गया। जिसमंे हिमालय की उत्पति से लेकर हिमालय के विकास पर विस्तृत व्याख्यान भूगोल विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. आरसी भट्ट, डॉ. नेहा तिवारी, डॉ. नरेंद्र पंघाल ने दिया जिसमें बताया गया कि वर्तमान समय मे हिमालय क्षेत्र मे मानवीय गतिविधियो के प्रभाव के कारण वैश्विक तापमान मे वृद्धि और अत्यधिक मात्रा आर्थिक क्रिया कलापो के कारण हिमालय क्षेत्र के वातावरण मे परिवर्तन हो रहा है जिससे इस भाग मे निवास करने वाले जीव जन्तु, प्राकृतिक वनस्पति पर इसका स्पष्ट प्रभाव देखा जा रहा है। कहा कि हम सभी का कर्तव्य है कि हिमालय के संरक्षण स्वच्छता की शपथ लेकर हिमालय को बचाने मे अपना योगदान दे। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राध्यापक डाॅ. वन्दना तिवारी, डा. एमएस कण्डारी, डॉ. रूपेश कुमार श्रीवास्तव सहित समस्त प्राध्यापक उपस्थित थे।
वहीं दूसरी ओर जोशीमठ विकास खंड के पैंनखण्डा इंटर कालेज सलूड़-डूंग्रा छात्र-छात्राओं ने पर्यावरण संरक्षण और हिमालय संरक्षण की प्रतिज्ञा ली। विद्यालय के प्रधानाचार्य सीएस जदोड़ा ने बच्चों को हिमालय बचाओ के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि हिमालय बचाने के बाद ही स्वस्थ पर्यावरण की कल्पना की सकती है। विद्यालय के प्रवक्ता जगदीश चैहान ने कहा कि वर्तमान समय में हिमालय संरक्षण के लिए आम जनमानस को आगे आने की आवश्यकता है। इस मौके पर शिक्षक सतेंद्र कुमार, राकेश फरस्वाण, अवधेश सेमवाल, वीरेंद्र आर्य, राजेश तिवारी, ज्योति कुंवर, सरिता सकलानी ने भी अपनी बात रखी। इधर महाविद्यालय जोशीमठ में भी हिमालय दिवस पर प्राचार्य बीएन खाली ने छात्र-छात्राओं को हिमालय दिवस की शपथ दिलायी।
